रोजगार

महिलाएं सीखें सिलाई, बने आत्‍मनिर्भर

आधीआबादी ब्‍यूरो। महिलाओं को आत्‍मनिर्भर बनाने के लिए वैसे तो रोजगार के भरपूर अवसर हैं,  लेकिन सिलाई एक ऐसी कला है जो महिलाएं अपने घर पर रहकर भी कर सकती हैं। इससे अच्‍छी आमदनी के साथ-साथ घर-परिवार की देखभाल और उनका साथ भी लगातार बना रहता है। यही कारण है कि महिलाओं में सिलाई सीखने की लगन सबसे अधिक देखी गई है। भारत में रोजगार के क्षेत्र में महिलाएं सर्वाधिक सिलाई-बु‍नाई-कढ़ाई के क्षेत्र से ही जुड़ी हुई हैं। सिलाई सिखने से पहले हमे यह जानना बेहद आवयशक हैं कि सिलाई  कितने तरह का होता है।

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महिलाओं के लिए संभावनाओं से भरा है आभूषण उद्योग!

नई दिल्‍ली। जेम्‍स एंड ज्‍वेलरी उद्योग में अपार संभावनाओं के रहते हुए भी महिला उद्यमियों के समक्ष कदम-कदम पर चुनौतियां ही चुनौतियां हैं। पुरुषों के परंपरागत कारोबार वाले इस क्षेत्र में महिलाओं को उनके पूर्वग्रह से लेकर आभूषणों के निर्माण, विपणन, कच्‍चे माल, अप्रशिक्षित कामगार और रिटेल क्षेत्र में कई तरह की बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है। कुछ समय पूर्व जेम्‍स एंड ज्‍वेलरी इंडस्‍ट्रीज में 10 वर्षों से काम कर रही महिला उद्यमियों और नवागंतुक के बीच फिक्‍की लेडीज आर्गेनाइजेशन (FLO) ने सर्वे किया। एफएलओ ने पाया कि इस उद्यम में महिलाओं के समक्ष ढेर सारी चुनौतियां हैं।

 

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ज्‍वेलरी डिजाइनिंग में बनाएं अपना भविष्‍य

फैशन ने आज ग्लोबल स्तर पर लोगों के जीवन को पूरी तरह बदल दिया है। फैशन और स्टाइल की आज जितनी भी परिभाषांए मौजूद हैं,वे सब आज की पीढ़ी को रहन-सहन और पहनने-ओढने के नए-नए ज्ञान देती नज़र आती हैं। यहां अगर हम बदलते परिधानो की बात करें, तो पहनावे में चार चान्द लगाने वाले आर्कषक आभूषणों की चर्चा करना भी आवश्यक हो जाता है। किसी शादी में जाने का प्रोग्राम हो या किसी पार्टी में तो आभूषणों की अधिक परवाह होती है। मुद्दा सिर्फ विशेष आभूषण और एक्सेसरीज़ रखने का ही नहीं अपितु अपने पसन्दीदा आभूषणों में एक उज्ज्वल कॅरिअर तलाशने का है।

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मनोविज्ञान में बनाए अपना करियर

आधुनिकता ने जहां एक ओर मानव को सुख-सुविधा व सुकून प्रदान किया है, वहीं इसने तनाव, अवसाद, पारिवारिक कलह, प्रतियोगिता और अपराध जैसी चीजों को भी बढ़ावा दिया है। अस्पताल में मनोचिकित्सकों, स्कूल-कॉलेजों और बहुराष्ट्रीय कंपनियों में मनोविश्लेषकों, सैनिक-अर्धसैनिक बलों आदि में भी मनोवैज्ञानिकों व मनोपरीक्षकों की जरूरत होती है। विभिन्न संगठनों के कार्मिक प्रबंधन विभाग में भी नौकरी के अच्छे मौके रहते हैं।

साइकोन्यूरोसिस, साइकोसिस, न्यूरोटिसिज्म, शिजोफ्रेनिया, हिस्टीरिया, ऑब्सेसिव कंपलसिव डिसऑर्डर जैसी परेशानियों के चलते क्लीनिकल मनोवैज्ञानिकों की जरूरत भी लगातार बढ़ रही है। यही वजह है कि इस क्षेत्र में करियर की बहुत संभावनाएं हैं। चूंकि यह क्षेत्र मन व भावनाओं जैसी नाजुक चीजों से जुड़ा है इसलिए इस क्षेत्र में महिलाओं की खास भूमिका हो सकती है।

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बाबा रामदेव के विरोधियों को नरेंद्र मोदी...
बाबा रामदेव के विरोधियों को नरेंद्र मोदी का तमाचा!

संदीप देव, नई दिल्‍ली। ्वारा विश्‍व मानव समाज को दी गई 'योग' विद्या को आधुनिक समय में बाबा रामदेव ने अंतरराष्‍ट्रीय पहचान दिलाई है, इसमें शायद ही किसी को शक [...]

भारत-चीन युद्ध: नेहरू ने देश को छला, भार...
भारत-चीन युद्ध: नेहरू ने देश को छला, भारतीय महिलाओं के आभूषण हड़पे और कम्‍युनिस्‍टों ने कहा, चीन ने नहीं, बल्कि भारत ने चीन की जमीन छीनी है!

संदीप देव‬रेसियों के खून में जो गद्दारी दिखती है, देश में उसका सबसे बेहतरीन उदाहरण सन 1962 में हुआ भारत-चीन युद्ध था, जिसमें नेहरू ने देश को छला और भारत [...]

एनसीईआरटी की पुस्‍तकों में ‪Aurangzeb‬ क...
एनसीईआरटी की पुस्‍तकों में ‪Aurangzeb‬ को धर्मनिरपेक्ष साबित करने के लिए भरे झूठ पर एक नजर डालिए!

‪संदीपदेव‬।यत आप तक पहुंचाने की कोशिश कर रहा हूं तो कुछ लोग हैं जो यह सवाल उठा रहे हैं कि आप औरंगजेब के पीछे क्‍यों पड़े हैं? अब ऐसे मूढ़मतियों को क्‍या जवाब दिया जाए? [...]

रक्षा क्षेत्र में विदेशी कंपनी का विरोध ...
रक्षा क्षेत्र में विदेशी कंपनी का विरोध करने वाले, पहले जान तो लें कि हथियार निर्माण में  विदेशी मदद शिवाजी ने भी ली थी!

संदीप देव।ी महाराज की जन्‍मजयंती थी। मैं आप सभी को एक सुंदर लेख का उपहार देना चाहता था, लेकिन कई कार्यों में उलझे रहने के कारण नहीं दे सका। लेकिन उस लेख का मर्म आपको समझा [...]

आप यदि मां-बाप हैं तो जानिए कि राष्‍ट्री...
आप यदि मां-बाप हैं तो जानिए कि राष्‍ट्रीय-अंतरराष्‍ट्रीय स्‍तर पर आपके व अन्‍य बच्‍चों के क्‍या अधिकार हैं!

आधीआबादी ब्‍यूरो। बाल अधिकार पर सम्मेलन सभी स्थानों के सभी बच्चों के अधिकार के विषय में विश्वभर की सरकारों के मध्स एक समझौता है । हमने कुछ ऐसे अधिकार चुने है जो भारत के बच्चों के लिए अधिक महत्वपूर्ण है।

वेतन बढ़ते ही अमेरिकी युवा हो जाते हैं अ...
वेतन बढ़ते ही अमेरिकी युवा हो जाते हैं अविश्‍वासी

वाशिंगटन। अमेरिका में युवाओं के बीच किए गए एक सर्वे में पता चला है कि आय बढ़ने के साथ युवाओं में दूसरों के प्रति भरोसा और सामाजिक संस्थानों में विश्वास कम होता जाता है। आज के युवा अपने पक्षों को [...]

पत्रकार-दलाल-नौकरशाह-कारपोरेट गठजोड़ पिछ...

संदीप देव।लय में पिछले कई वर्षों से जिस तरह जासूसी का खेल चल रहा था, उसका पर्दाफाश यह दर्शाता है कि मीडिया-दलाल-नौकरशाह-कंपनियों का नेक्‍सस किस तरह गहराई तक देश को घुन की तरह खा [...]

सरदार पटेल को गृहमंत्री पद से हटाने की स...
सरदार पटेल को गृहमंत्री पद से हटाने की साजिश रचा करते थे आपातकाल के नायक जयप्रकाश नारायण!

संदीपदेव‬। उल्‍टा इतिहास बताते हो, मैं उनसे कहता हूं मैं उस इतिहास को बताता हूं, जिसे किसी न किसी कारण से दबाया गया है। तो, जिस जयप्रकाश नारायण उर्फ जेपी को आज [...]

दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!...
दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!

आधी आबादी ब्‍यूरो, नई दिल्ली। जंगल बनता जा रहा है। बच्चों के लिए खेलने के लिए जगह नहीं बची है। पार्क भी धीरे-धीरे खत्म होते जा रहे हैं। अभिभावकों की [...]

नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदे...
नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदेश

दिल्‍ली।  कमल इंसटिट्यूट ऑफ हायर एडूकेशन के छात्र और छात्राओ ने 'बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ ' अभियान पर नुक्कड नाटक का आयोजन किया। 22 जनवरी 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र [...]

असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के ब...
असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के बीच रहती हूं, लेकिन मैंने कभी भारत में भेदभाव महसूस नहीं किया!

सोफिया रंगवाला। पेशे से डॉक्टर हूं। बंगलोर में मेरी एक हाइ एण्ड लेजर स्किन क्लिनिक है। मेरा परिवार कुवैत में रहता है। मैं भी कुवैत में पली बढ़ी हूं लेकिन 18 साल [...]

प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम कर...
प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम करे, सूचना प्रसारण मंत्री को तो क्रिकेट डिप्‍लोमेसी से ही फुर्सत नहीं है!

संदीप देव।उटलुक पत्रिका के एक गलत खबर के कारण जो हंगामा हुआ और सदन को स्‍थगित करना पड़ा, इसका जिम्‍मेवार कौन है? क्‍या मोदी सरकार मीडिया के इस तरह के गैरजिम्‍मेवार और सबूत [...]

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