दिमाग तेज करना है तो सीखें दो भाषा!

आईएएनएस। वाशिंगटन। अगर आप अपना दिमाग तेज करना चाहते हैं, तो दो भाषाएं सीखें क्योंकि एक नए शोध में यह बात सामने आई है कि दो भाषा सीखने वालों का दिमाग अन्य की तुलना में तेज होता है। ऐसा मस्तिष्क के कार्यकारी नियंत्रण क्षेत्र में ग्रे मैटर के अधिक जमाव के कारण होता है। इससे पहले माना जाता था कि दो भाषा सीखने से बच्चों में भाषा के विकास में विलंब होता है, क्योंकि इसके लिए उन्हें दो शब्दावलियों को विकसित करना पड़ता है। शोध के लिए शोधकर्ताओं ने अमेरिकन साइन लैंग्वेज (एएसएल) व स्पोकन इंग्लिश के द्विभाषियों तथा एक भाषा के जानकारों के ग्रे मैटर के बीच तुलना की।

 

जॉर्जटाउन युनिवर्सिटी मेडिकल सेंटर (जीयूएमसी) में सेंटर ऑफ लर्निग के निदेशक ग्विनेवेयर इडेन ने कहा कि एक भाषा बोलने वालों की तुलना में दो भाषाओं का अनुभव तथा उनका सही तरीके से इस्तेमाल करने के लिए संज्ञानात्मक नियंत्रण की जरूरत में वृद्धि के परिणामस्वरूप स्पेनिश-अंग्रेजी भाषा बोलने वालों के दिमाग में कुछ बदलाव आते हैं।

शोधकर्ताओं ने दो भाषा तथा एक भाषा बोलने वालों के ग्रे मैटर के बीच तुलना की। दो भाषा बोलने वालों के मस्तिष्क के फ्रंटल व पेराइटल क्षेत्रों में ज्यादा ग्रे मैटर पाए गए, जो मस्तिष्क के कार्यकारी नियंत्रण में शामिल हैं।

Web Title: bilingual persons more intelligent
Keywords:bilingual| Bilingual more intelligent| Brain| Research| US

मुगल सल्‍तनत के आखिरी वारिशों का हश्र या...

संदीपदेव‬।ासन करने वाले मुगल साम्राज्‍य के शासक भी बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार की तरह अहंकार से भरे थे, उन्‍हें सत्‍ता का गुमान था, लालू यादव के 'भूराबाल [...]

मेरे लिए पंडित मदनमोहन मालवीय और अटलबिहा...
मेरे लिए पंडित मदनमोहन मालवीय और अटलबिहारी वाजपेयी का अर्थ!

संदीप देव। खुशी का दिन है। पंडित मदनमोहन मालवीय जी को भारतरत्‍न मिलना गर्व की बात तो है ही, मुझे इसका गर्व ज्‍यादा है कि जिस काशी हिंदू विश्‍वविद्यालय की उन्‍होंने स्‍थापना की, मैं [...]

भारत को कुछ बनने की जरूरत नहीं, भारत को ...
भारत को कुछ बनने की जरूरत नहीं, भारत को भारत ही बनना चाहिए: नरेंद्र मोदी

नई दिल्ली।द्र मोदी ने अपनी अमेरिका यात्रा से पहले सीएनएन के वरिष्ठ पत्रकार फरीद जकारिया को एक्सक्लूसिव इंटरव्यू दिया। पढ़िए उस इंटरव्यू के सवालों के जवाबः-

एक हास्य अभिनेता, जो जिंदगी से हार गया!...
एक हास्य अभिनेता, जो जिंदगी से हार गया!

रवि कुमार छवि। अमेरिकी अभिनेता और ऑस्कर विजेता रॉबिन विलियम्स ने 11 अगस्‍त 2014 को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। रुपहले पर्दे पर हास्य किरदार निभाने वाले रॉबिन विलियम्स का इस तरह से चला [...]

समाजवादियों की अवसरवादिता को राममनोहर लो...
समाजवादियों की अवसरवादिता को राममनोहर लोहिया ने पहले ही पहचान लिया था! ‪ ‪‎

संदीपदेव‬।ेश की जनता को गुमराह करने वाले मुलायम-लालू-नीतीश- कम्‍यूनिस्‍ट भले ही राममनोहर लोहिया का नाम ले-ले कर राजनीति करते रहे हों, लेकिन समाजवादियों की अवसरवादिता और इनके व्‍यक्तित्‍व में बसी [...]

लालबहादुर शास्‍त्री, छोटे कद का बड़ा आदम...
लालबहादुर शास्‍त्री, छोटे कद का बड़ा आदमी!

भारत में बहुत कम लोग ऐसे हुए हैं जिन्होंने समाज के बेहद साधारण वर्ग से अपने जीवन की शुरुआत कर देश के सबसे  पड़े पद को प्राप्त किया। चाहे रेल दुर्घटना के बाद उनका रेल मंत्री के पद से इस्तीफ़ा [...]

लंबे समय तक शारीरिक संबंध बनाने से इनकार...
लंबे समय तक शारीरिक संबंध बनाने से इनकार बन सकता है तलाक का आधारः सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने व्यवस्था दी है कि लंबे समय तक जीवनसाथी को सेक्स करने की अनुमति नहीं देना मानसिक क्रूरता है और यह तलाक का आधार हो सकता है।

हिंदुत्‍व के पुनर्जारण के लिए जन्‍मगत जा...
हिंदुत्‍व के पुनर्जारण के लिए जन्‍मगत जाति का खात्‍मा जरूरी: डॉ सुब्रहमनियन स्‍वामी

आधी आबादी ब्‍यूरो-साथ हिंदुत्‍व का पुनर्जागरण बहुत जरूरती है। डॉ सुब्रहमनियन स्‍वामी ने 'हिंदुत्‍व एवं राष्‍ट्रीय पुनरुत्‍थान' नामक एक जबरदस्‍त किताब लिखी है और आज के समय हर हिंदू को 24 [...]

दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!...
दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!

आधी आबादी ब्‍यूरो, नई दिल्ली। जंगल बनता जा रहा है। बच्चों के लिए खेलने के लिए जगह नहीं बची है। पार्क भी धीरे-धीरे खत्म होते जा रहे हैं। अभिभावकों की [...]

नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदे...
नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदेश

दिल्‍ली।  कमल इंसटिट्यूट ऑफ हायर एडूकेशन के छात्र और छात्राओ ने 'बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ ' अभियान पर नुक्कड नाटक का आयोजन किया। 22 जनवरी 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र [...]

असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के ब...
असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के बीच रहती हूं, लेकिन मैंने कभी भारत में भेदभाव महसूस नहीं किया!

सोफिया रंगवाला। पेशे से डॉक्टर हूं। बंगलोर में मेरी एक हाइ एण्ड लेजर स्किन क्लिनिक है। मेरा परिवार कुवैत में रहता है। मैं भी कुवैत में पली बढ़ी हूं लेकिन 18 साल [...]

प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम कर...
प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम करे, सूचना प्रसारण मंत्री को तो क्रिकेट डिप्‍लोमेसी से ही फुर्सत नहीं है!

संदीप देव।उटलुक पत्रिका के एक गलत खबर के कारण जो हंगामा हुआ और सदन को स्‍थगित करना पड़ा, इसका जिम्‍मेवार कौन है? क्‍या मोदी सरकार मीडिया के इस तरह के गैरजिम्‍मेवार और सबूत [...]

Other Articles