रीति रिवाज

स्त्रियों को हमेशा के लिए अपंग बनाने की वह दर्दनाक प्रथा!

औरतों के प्रति दुनिया के हर समाज में आदि काल से भेदभाव रहा है, जो वहां की अलग-अलग प्रथाओं में दृष्टिगोचर भी होता रहा है। ऐसे ही चीनी समाज में जिंदगी भर के लिए महिलाओं को अपंग बनाने की प्रथा रही है। बेटी के दो साल का होते ही उसके पैर बांध दिए जाते थे ताकि वह बड़े न हो सकें और पुरुषों को आकर्षित कर सकें। इसकी वजह से औरतें ताउम्र एक अपाहिज की तरह जीवन जीती थी। 

 

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एक ऐसा देश जहां लड़कियों को छुपाने के लिए बना देते है लड़का!

काबुल। अफगानिस्तान में जिन परिवारों में सिर्फ लड़कियां जन्म लेती हैं वहां पर आर्थिक और सामाजिक कारणों के चलते लड़कियों को लड़कों की तरह पालने की परंपरा चली आ रही है। इस चलन को बाचा-पोश कहते हैं। इसमें लड़कियों को न केवल लड़कों का पहनावा दिया जाता है बल्कि उनके सिर के बाल भी लड़कों की तरह छोटे रखे जाते हैं।

 

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महाकुंभ में नग्न नहीं रह सकतीं नागा महिलाएँ

अमिताभ सान्याल, बीबीसी हिंदी। इस बार का कुंभ आयोजन एक मायने में बेहद ख़ास है. पहली बार नागा साधुओं के अखाड़े में महिलाओं को स्वतंत्र और अलग पहचान दी गई है. इसी वजह से आपको संगम के तट पर जूना संन्यासिन अखाड़ा नजर आता है. कुंभ को दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन माना जाता है. इस आयोजन का नियंत्रण काफी हद नागा साधुओं के जिम्मे होता है.

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एक देश जहां शादी से पहले होता है लड़की का बलात्‍कार!

किर्गिस्तान की संसद में इन दिनों दशकों पुरानी परंपरा और कानून व्यवस्था से जुड़े एक मुद्दे पर बहस चल रही है. दरअसल यहां शादी के लिए दुल्हन के अपहरण और उसके बलात्‍कार की परंपरा रही है, लेकिन अब सरकार इसे गंभीर अपराध की श्रेणी में लाने पर विचार कर रही है.

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फिर कौन करेगा हमारे लिए पूजा!

नई दिल्ली। अपने घर की सुख समृद्धि, बच्चे के जन्म, नए दुकान या आफिस खोलने, किसी मानता के पूरा होने पर या खास मौकों पर पूजा-अनुष्ठान का आयोजन सदियों से होता आ रहा है। पर इन्हें संपन्न कराने वाले पंडितों की संख्या में लगातार गिरावट आ रही है। यह समस्या हिंदू धर्म ही नहीं मुस्लिम, ईसाई और सिख में भी आ रही है।

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आपका परफ्यूम और डियोडेरेंट आपके शुक्राणु...
आपका परफ्यूम और डियोडेरेंट आपके शुक्राणुओं की गति को कर सकता है कम!

लंदन। एड में डियोडेरेंट के प्रचार में पुरुषों पर लड़कियों को मरते, कूदते दिखाया जाता है, लेकिन सच्‍चाई बिल्‍कुल इसके उलट है। आपका तेज परफ्यूम और डियाटेरेंट आपके शुक्राणुओं की गतिशीलता को कम कर सकता है, [...]

किस ऑफ लव वालों पहले लव का अर्थ समझ लो, ...
किस ऑफ लव वालों पहले लव का अर्थ समझ लो, फिर सड़क पर रतिक्रिया करना!

संदीप देव।ी संस्‍कृति की समझ नहीं रखते, वह दूसरे देश की संस्‍कृति को समझेंगे, यह मानना भी निरी मूर्खता है। हां, वो दूसरे देश की संस्‍कृति की अंध नकल जरूर कर सकते [...]

दिमाग तेज करना है तो सीखें दो भाषा!...
दिमाग तेज करना है तो सीखें दो भाषा!

आईएएनएस। वाशिंगटन।हैं, तो दो भाषाएं सीखें क्योंकि एक नए शोध में यह बात सामने आई है कि दो भाषा सीखने वालों का दिमाग अन्य की तुलना में तेज होता है। ऐसा [...]

लावा की नई पेशकश लॉन्च किया फ्लेयर Z1, क...
लावा की नई पेशकश लॉन्च किया फ्लेयर Z1, कीमत 5,699 रुपए, जानें इसके अन्य खूबियों के बारे में

भारतीय स्मार्टफोन कंपनी लावा में अपने फ्लेयर P1 और फ्लेयर F1 के लॉन्च के बाद लावा ने अपनी इसी सीरीज में एक नया स्मार्टफोन लावा फ्लेयर Z1 लॉन्च किया है। यह स्मार्टफोन एक्सक्लूजिवली ईकॉमर्स [...]

हिंदुओं को बदनाम करने के लिए राष्‍ट्रीय-...
हिंदुओं को बदनाम करने के लिए राष्‍ट्रीय-अंतरराष्‍ट्रीय मीडिया द्वारा चलाया जा रहा है संगठित अभियान!

संदीप देव‬।्च के नन से रेप करने वाले आरोपी बंग्‍लादेशी मुसलमान निकले, दिल्‍ली के चर्च पर हमले की जांच में केरल के कांग्रेसी विधायक का नाम सामने आया, नवी मुंबई में चर्च पर हमले [...]

महिलाओं की माहवारी पर बीबीसी हिंदी की पे...
महिलाओं की माहवारी पर बीबीसी हिंदी की पेशकश: 'इसे छूने के बाद रोटी नहीं खाई जाती'

शालू यादव, बीबीसी संवाददाता, दिल्ली।स्तेमाल करती हैं. कूड़ेदान में फेंके गए सैनिट्री पैड्स प्राकृतिक रूप से गलते नहीं है. तो इनका क्या होता है? [...]

आखिर कौन हैं 'भंगी', 'मेहतर', 'दलित' और ...
आखिर कौन हैं 'भंगी', 'मेहतर', 'दलित' और 'वाल्‍मीकि'?

संदीप देव।ों ने जिन 'भंगी' और 'मेहतर' जाति को अस्‍पृश्‍य करार दिया, जिनका हाथ का छुआ तक आज भी बहुत सारे हिंदू नहीं खाते, जानते हैं वो हमारे आपसे कहीं बहादुर [...]

बिहार चुनाव में भाजपा के खलनायक: प्रशांत...

संदीप देव।त्री नीतीश कुमार की पहली जीवनी वरिष्‍ठ पत्रकार संकर्षण ठाकुर ने लिखी थी। संकर्षण को आप अकसर एबीपी न्‍यूज पर देखते होंगे। वो टेलीग्राफ में शायद रोविंग एडिटर हैं। संकर्षण ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का दामन [...]

दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!...
दिल्‍ली में सुरक्षित नहीं है बचपन!

आधी आबादी ब्‍यूरो, नई दिल्ली। जंगल बनता जा रहा है। बच्चों के लिए खेलने के लिए जगह नहीं बची है। पार्क भी धीरे-धीरे खत्म होते जा रहे हैं। अभिभावकों की [...]

नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदे...
नुक्‍कड़ नाटक के जरिए बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का संदेश

दिल्‍ली।  कमल इंसटिट्यूट ऑफ हायर एडूकेशन के छात्र और छात्राओ ने 'बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ ' अभियान पर नुक्कड नाटक का आयोजन किया। 22 जनवरी 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र [...]

असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के ब...
असहिष्णुता: मैं एक मुस्लिम महिला हूं, हिंदुओं के बीच रहती हूं, लेकिन मैंने कभी भारत में भेदभाव महसूस नहीं किया!

सोफिया रंगवाला। पेशे से डॉक्टर हूं। बंगलोर में मेरी एक हाइ एण्ड लेजर स्किन क्लिनिक है। मेरा परिवार कुवैत में रहता है। मैं भी कुवैत में पली बढ़ी हूं लेकिन 18 साल [...]

प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम कर...
प्रधानमंत्री व गृहमंत्री को मीडिया भले ही बदनाम करे, सूचना प्रसारण मंत्री को तो क्रिकेट डिप्‍लोमेसी से ही फुर्सत नहीं है!

संदीप देव।उटलुक पत्रिका के एक गलत खबर के कारण जो हंगामा हुआ और सदन को स्‍थगित करना पड़ा, इसका जिम्‍मेवार कौन है? क्‍या मोदी सरकार मीडिया के इस तरह के गैरजिम्‍मेवार और सबूत [...]

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